रामकृष्ण मिशन सेवा आश्रम में धूमधाम से मनाया गया राष्ट्रीय युवा दिवस
स्वामी विवेकानंद हम सबके आदर्श: सिमरनजीत कौर

हरिद्वार की गूंज (24*7)
(नीटू कुमार) हरिद्वार। स्वामी विवेकानंद जयंती के अवसर राष्ट्रीय युवा दिवस आज रामकृष्ण मिशन सेवा आश्रम में धूमधाम से मनाया गया। जिसमें वाद विवाद और भाषण प्रतियोगिता के स्कूली छात्र-छात्राओं को अतिथियों द्वारा पुरस्कृत किया गया। बच्चों ने कानूनी गतिविधियों की जानकारी भी प्राप्त की।कार्यक्रम का उद्घाटन दीप प्रज्वलन द्वारा हुआ। मुख्य अतिथि के रूप में कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण हरिद्वार की सचिव एवं सिविल जज (सीनियर डिवीजन), सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण हरिद्वार श्रीमती सिमरनजीत कौर ने कहा कि स्वामी विवेकानंद हम सब के आदर्श हैं, स्वामी जी केवल आध्यात्मिक संत ही नहीं थे बल्कि वह महामानव थे, जिन्होंने देश के युवाओं के अंदर राष्ट्रभक्ति का जज्बा कायम किया। स्वामी विवेकानंद ने युवाओं को जागृत करते हुए कहा कि वह तकनीकी एवं विज्ञान के क्षेत्र में कार्य करें। और आधुनिक भारत के निर्माण में सहयोग करें। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव श्रीमती सिमरनजीत कौर ने श्रोताओं को प्राधिकरण द्वारा चलाए जा रहे विभिन्न अभियानों की जानकारी देते हुए बताया कि हमें कानून के प्रति सजग रहना चाहिए, यदि हम अपने जीवन में विवेकानंद जी के आदर्शों को अपनाना चाहते हैं तो हमें किसी भी कानून का उल्लंघन नहीं करना चाहिए। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वह रील और रियल लाइफ में अंतर समझे, रील को स्टॉल करने में अपना समय बर्बाद ना करें बल्कि समय का सदुपयोग करें।जब सूर्य चमकता है तो उसके लिए तपना पड़ता है। उन्होंने कहा कि हम अपनी अच्छाई को लेकर मेहनत से आगे बढ़ते रहे तो एक दिन पूरा विश्व हमारा होगा। उन्होंने युवाओं से नशे से दूर रहने की अपील की और कहा कि हमें अपने अधिकारों के साथ-साथ अपने कर्तव्यों का भी पालन करना चाहिए। रामकृष्ण मिशन सेवा आश्रम के सचिव स्वामी दयामूर्त्यानन्द महाराज ने कहा कि स्वामी विवेकानंद युवाओं के प्रेरणा स्रोत थे। उनके जीवन से अगर एक भी जीवन मूल्य, जैसे सच बोलने का गुण अपने जीवन में उतारें तो विद्यार्थी जीवन में काफी लाभ ले सकते हैं। रामकृष्ण मिशन चंडीगढ़ से पधारे स्वामी भीतिहरानन्द महाराज ने स्वामी विवेकानंद के जीवन से उद्मृत रोचक घटनाओं को बच्चों को बताया। देहरादून से आए वरिष्ठ एडवोकेट आलोक पुंडीर ने भी सभी छात्र-छात्राओं को स्वामी विवेकानंद के जीवन से निर्भयता की प्रेरणा लेने को कहा, कार्यक्रम का संचालन ब्रह्मचारी नबोनील ने किया। सेवाश्रम के डॉक्टर अश्वनी अनेजा ने स्वागत उद्बोधन दिया। महर्षि विद्या मंदिर और आचार्य कुलम के छात्रों ने स्वामी विवेकानंद पर एक गीत प्रस्तुत किया। ज्ञानदीप अकादमी के छात्रों ने एक लघु नाटक द्वारा अलवर के राजा को दी गई स्वामी विवेकानंद जी की शिक्षा कि मूर्ति पूजा का जीवन में महत्व कम नहीं है, साकार और निराकार पूजा दोनों ही सही है, की प्रस्तुति दी। स्वामी विवेकानंद का शिकागो भाषण अक्षरशः और पवॉइस फौर थॉट पर छात्र छात्राओं की प्रस्तुति ने सबका मनमोहा।आद्रिका सिंह, आरव गर्ग, कुमार गौतम को भाषण प्रतियोगिता में पुरस्कृत किया गया। जिले के प्रथम मेयर मनोज गर्ग ने भी अपने उद्बोधन में कहा कि हर व्यक्ति को अपने उत्थान के साथ-साथ समाज का भी विकास में सहभागिता देनी चाहिए। पुरस्कार प्राप्त करने वालों में आचार्य कुलम, विजडम ग्लोबल स्कूल और डीपीएस रानीपुर की छात्रा आद्रिका सिंह रहे। पी कृष्णमूर्ति ने राष्ट्रीय युवा दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित प्रतियोगिताओं का सार प्रस्तुत किया।नर्सिंग सुपरीटेंडेंट मिनी योहानन ने स्वामी विवेकानंद जी का चित्र भेंट कर मुख्य अतिथि एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव सिमरनजीत कौर का स्वागत किया। इस अवसर पर शिक्षाविद और डिवाइन लाइट स्कूल के अध्यक्ष लक्ष्मीकांत सैनी, वरिष्ठ एडवोकेट रमन सैनी, विभिन्न लॉ कॉलेज के प्रशिक्षु छात्र एवं छात्राएं, आईआईटी रुड़की से विवेकानंद स्टडी ग्रुप के इशितवा, आर्यन भूरे, मैनेजमेंट ट्रस्टी सुधांशु











