भारत माता मंदिर के संस्थापक स्वामी सत्य मित्रा नंद की समाधि स्थापना समारोह के भव्य कार्यक्रम में भारत के रक्षा मंत्री सहित तमाम दिग्गजों का हुआ आगमन
देश विदेश से पहुंचे भारी संख्या में पहुंचे श्रद्धालुओं ने महान संतों के विचारों को सुन लिया आशीर्वाद

हरिद्वार की गूंज (24*7)
(राजेश पसरीचा) देहरादून। हरिद्वार भारत माता मंदिर के संस्थापक स्वामी सत्य मित्रा नंद जी महाराज जी समाधि स्थापना समारोह कार्यक्रम में आज तृतीय दिन के अवसर पर महान संतों के साथ ही देश के रक्षा मंत्री राजनाथ में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री ओर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी सहित तमाम दिग्गजों ने पहुंच कर अपना संबोधन किया। वहीं इस दौरान हरिद्वार की सड़कों से लेकर कार्यक्रम स्थल पर सुरक्षा व्यवस्था के कड़े इंतजाम किए गए जहां चप्पे चप्पे पर पुलिस बल तैनात दिखाई दिया। कार्यक्रम की भव्यता को देखकर हर कोई उत्साहित नज़र नज़र आ रहा था। इस अवसर मंच पर उपस्थित अतिथियों का भव्य स्वागत अभिनंदन किया गया। वहीं राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। जिसमें मंच पर उपस्थित अतिथियों ने अपने अपने संबोधन में स्वामी सत्य मित्रा नंद जी की जीवनी का विस्तार पूर्वक सांझा करते हुए अध्यात्म से जुड़ी कई बड़ी उपलब्धियों का जिक्र किया। वहीं देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने अपने संबोधन में बताया कि भारत देश के निर्माण में इस देश के संत समाज का विशेष योगदान रहा है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बताया कि आज देश के सीमाओं पर सैनिकों, सुरक्षा बलों के साथ ही भारत के धर्म की रक्षा करने वाले महान संतों की भी रक्षा करना बड़ी जिम्मेदारी है। वहीं उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जय श्री राम के जयघोष के साथ अपने संबोधन में बताया कि स्वामी सत्य मित्रा नंद महाराज जो वास्तव में एक महान संतों में जाने जाते हैं। स्वामी सत्य मित्रानंद जी महाराज ने अपने अध्यात्म जीवन के मार्ग पर इस देश की सेवा में भी अहम योगदान दिया है। भारत माता मंदिर की स्थापना करने वाले स्वामी सत्य मित्रानंद जी महाराज ने हरिद्वार की पवित्र भूमि पर मिसाल बनाई है। जहां देश विदेश से लोग हरिद्वार भारत माता मंदिर में दर्शन करने आते हैं। वहीं योगी आदित्यनाथ जी द्वारा भारत देश की संस्कृति और महान संतों का जिक्र किया। इस अवसर पर जूना पीठाधीश्वर आचार्य स्वामी अवधेशानंद जी द्वारा सभी अतिथियों का कार्यक्रम में शामिल होने पर आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद दिया गया।









