कूटरचना से गलत जन्म प्रमाण पत्र जारी कराने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के निर्देश
मोहम्मद आरिफ उत्तराखंड क्राइम प्रभारी

हरिद्वार की गूंज (24*7)
(मोहम्मद आरिफ) हरिद्वार। जनपद में किसी भी प्रकार के फर्जी प्रमाण पत्र जारी न हों, इसके लिए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने पूर्व में ही सभी उपजिलाधिकारियों और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए थे। इसी क्रम में विकास खंड बहादराबाद में गलत तरीके से जन्म प्रमाण पत्र बनवाने का मामला सामने आया है। जिसके विरुद्ध पुलिस में प्राथमिकी दर्ज कराने के निर्देश दिए गए हैं। जिला पंचायत राज अधिकारी अतुल प्रताप सिंह ने बताया कि ग्राम पंचायत विकास अधिकारी द्वारा सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) बहादराबाद को इस संबंध में एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश दिए गए हैं। जानकारी के अनुसार शाहीन पत्नी उस्मान और उस्मान पुत्र मोहम्मद इकबाल निवासी पावधोई राम रहीम कॉलोनी ज्वालापुर ने अपनी पुत्री कु. अक्षा के जन्म प्रमाण पत्र के लिए आवेदन दिया था। आवेदन में बताया गया कि उनकी पुत्री का जन्म 01 मार्च 2008 को जया मैक्सवेल हॉस्पिटल अतमालपुर बौंगला में हुआ था और पहले जारी जन्म प्रमाण पत्र खो गया है। उन्होंने 05 फरवरी 2009 को जारी हस्तनिर्मित जन्म प्रमाण पत्र की छायाप्रति, आधार कार्ड और मतदाता पहचान पत्र की प्रतियां संलग्न करते हुए ऑनलाइन बारकोड वाला प्रमाण पत्र जारी करने का अनुरोध किया गया। और उक्त आवेदन के आधार पर 18 फरवरी 2026 को सीआरएस पोर्टल पर कु.अक्षा का जन्म प्रमाण पत्र पंजीकरण संख्या 174 जारी कर दिया गया। बाद में एक व्यक्ति द्वारा सूचना दी गई कि प्रस्तुत किया गया पूर्व जन्म प्रमाण पत्र जाली है और इसी के आधार पर ऑनलाइन प्रमाण पत्र बनवाया गया है।
इस सूचना के बाद ग्राम पंचायत विकास अधिकारी द्वारा जया मैक्सवेल हॉस्पिटल अतमालपुर बौंगला में जांच कराई गई, जिसमें पाया गया कि वर्ष 2008 में उक्त अस्पताल का निर्माण ही नहीं हुआ था। इससे स्पष्ट हुआ कि जाली दस्तावेज प्रस्तुत कर कपटपूर्वक ऑनलाइन जन्म प्रमाण पत्र जारी कराया गया है। और अधिकारियों ने निर्देश दिए हैं कि शाहीन और उस्मान सहित अन्य संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध धोखाधड़ी, आपराधिक षड्यंत्र, कूटरचना कर सरकारी अभिलेख तैयार करने, फर्जी साक्ष्य प्रस्तुत करने तथा सरकारी कार्य में बाधा डालने जैसी धाराओं में पुलिस में तत्काल प्राथमिकी दर्ज कराई जाए। साथ ही धोखाधड़ी से जारी जन्म प्रमाण पत्र पंजीकरण संख्या 174 दिनांक 18 फरवरी 2026 को तत्काल निरस्त कर संबंधित व्यक्तियों को पंजीकृत डाक से सूचना देना सुनिश्चित किया जाए।









