जिलाधिकारी के निर्देश पर परिवहन विभाग हुआ सख्त, वाहन स्वामियों को नोटिस जारी
नाबालिगों द्वारा वाहन संचालन पर शिकंजा, एआरटीओ निखिल शर्मा ने कहा सड़क सुरक्षा से कोई समझौता नहीं

हरिद्वार की गूंज (24*7)
(रजत चौहान) हरिद्वार। हरिद्वार जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देश पर एक बार फिर परिवहन विभाग सख्त नजर आ रहा है, जी हां नाबालिगो द्वारा वाहन संचालन को लेकर शिकंजा करते हुए वाहन स्वामियों को कारण बताओं नोटिस भी जारी किए गए हैं।
जानकारी के अनुसार जनपद में सड़क सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा नाबालिग छात्र-छात्राओं द्वारा दोपहिया वाहनों के अवैध संचालन पर प्रभावी अंकुश लगाने के उद्देश्य से परिवहन विभाग द्वारा गुरुवार को विद्यालयों एवं उनके आसपास के क्षेत्रों में विशेष प्रवर्तन अभियान चलाया गया।
अभियान के दौरान सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) हरिद्वार नेहा झा के नेतृत्व में संचालित किया गया। अभियान में सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन) हरिद्वार निखिल शर्मा तथा परिवहन कर अधिकारी वरुणा सैनी भी उपस्थित रहीं।
वहीं इस बाबत पर एआरटीओ निखिल शर्मा ने बताया कि जिलाधिकारी के निर्देश पर आज विद्यालयों में अभियान चलाया गया है, उन्होंने कहा कि बढ़ती सड़क दुर्घटना पर अंकुश लगाने को लेकर नाबालिगों को वाहन उपलब्ध कराने पर अभिभावकों समेत वाहन स्वामियों पर कारण बताओं नोटिस जारी किए गए है।
उन्होंने कहा कि अभियान के दौरान विभिन्न विद्यालयों के आसपास की सड़कों, गलियों एवं पार्किंग स्थलों पर खड़े दोपहिया वाहनों की जाँच की गई। जिसमें 60 वाहन स्वामियों पर कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए तीन दिन का समय दिया है। साथ ही उन्होंने कहा कि विशेष रूप से ऐसे वाहनों को चिह्नित किया गया, जिनका उपयोग विद्यालयों में अध्ययनरत नाबालिग छात्र-छात्राओं द्वारा किए जाने की संभावना पाई गई।
एआरटीओ निखिल शर्मा ने बताया कि विद्यालय प्रबंधन को भी सख्त निर्देश दिए गए है, परिसर में नाबालिग छात्र छात्राओं द्वारा मोटरसाइकल, स्कूटी अथवा मोटर वाहनों के लिए पार्किंग की सुविधा उपलब्ध न कराई जाएं।
वहीं सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) हरिद्वार नेहा झा ने सभी विद्यालय प्रबंधनों एवं अभिभावकों से अपील करते हुए कहा कि नाबालिगों द्वारा अवैध वाहन संचालन को रोकने में सक्रिय सहयोग करें, ताकि संभावित सड़क दुर्घटनाओं को रोका जा सके तथा छात्र-छात्राओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।









