हरिद्वार

सलेमपुर गांव में स्वच्छता पर सवाल: स्कूल और आंगनबाड़ी के बाहर गंदगी का अंबार, बच्चों के स्वास्थ्य से खिलवाड़

मोहम्मद आरिफ उत्तराखंड क्राइम प्रभारी


हरिद्वार की गूंज (24*7)
(मोहम्मद आरिफ) हरिद्वार। बहादराबाद ब्लॉक क्षेत्र के सलेमपुर गांव में स्वच्छता व्यवस्था की हकीकत प्रशासनिक दावों की पोल खोलती नजर आ रही है। जहां एक ओर स्वच्छ भारत मिशन के तहत गांव-गांव स्वच्छता के बड़े-बड़े दावे किए जा रहे हैं, वहीं दूसरी ओर सलेमपुर में स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र के ठीक सामने गंदगी के ढेर लगे हुए हैं। स्थिति इतनी गंभीर है कि कूड़े के ढेर से उठती बदबू बच्चों के स्वास्थ्य के लिए खतरा बन चुकी है। छोटे-छोटे बच्चे रोज इसी माहौल से होकर गुजरने को मजबूर हैं, जिससे संक्रमण और बीमारियों का खतरा लगातार बढ़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार शिकायत के बावजूद सफाई की कोई स्थायी व्यवस्था नहीं की गई। नालियों का गंदगी ही गंदगी है और कूड़ा उठान की व्यवस्था पूरी तरह चरमराई हुई है। गांव में दीवारों पर स्वच्छता के संदेश लिखे हैं, लेकिन जमीनी हकीकत इन संदेशों के बिल्कुल विपरीत नजर आती है। यह स्थिति न केवल ग्राम पंचायत की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करती है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि उच्च अधिकारियों के आदेशों को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है। ग्राम प्रधान की कार्यशैली पर भी अब सवाल उठने लगे हैं। क्षेत्र में चर्चा है कि लापरवाही और उदासीनता के चलते गांव की स्वच्छता व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है। जरूरत इस बात की है कि संबंधित अधिकारी तत्काल संज्ञान लें और साफ-सफाई की व्यवस्था दुरुस्त कर बच्चों को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराएं। वरना प्रशासन के सभी दावे सिर्फ कागजों तक ही सीमित रह जाएंगे।

Related Articles

Back to top button