कुंभ मेला 2027 की तैयारियों को लेकर पुलिस प्रशासन ने कसी कमर, निरीक्षण और बैठकों का दौर शुरू
एडीजी प्रशासन ए०पी अंशुमान ने हरिद्वार पुलिस कार्यालय रोशनाबाद में अधिकारियों के साथ की बैठक
हरिद्वार की गूंज (24*7)
(रवि चौहान) हरिद्वार। कुंभ मेला 2027 की तैयारियों को लेकर लगातार निरीक्षण कर बैठकों का दौर शुरू हो गया है। वहीं शुक्रवार को उत्तराखंड के एडीजी प्रशासन ए०डी अंशुमान ने हरिद्वार पहुंचकर पुलिस कार्यालय रोशनाबाद में अधिकारियों के साथ बैठक कर निर्माण कार्य समयबद्ध गुणवत्तापूर्ण और समन्वित ढंग से पूरा करने के निर्देश दिए है।
बैठक का शुभारंभ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कुम्भ मेला आयुष अग्रवाल के प्रस्तुतीकरण से हुआ। उन्होंने अब तक की प्रगति, पूर्ण किए जा चुके कार्यों, निर्माणाधीन योजनाओं, उपलब्ध संसाधनों तथा आगामी चरणों की कार्ययोजना के संबंध में विस्तृत जानकारी दी।
एडीजी प्रशासन ने वृहद एवं लघु निर्माण कार्यों, अनुरक्षण गतिविधियों तथा अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की बिंदुवार समीक्षा की। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रत्येक परियोजना निर्धारित समयसीमा के भीतर पूरी हो तथा निर्माण में गुणवत्ता, सुरक्षा मानकों और उपयोगिता से किसी भी प्रकार का समझौता न किया जाए। उन्होंने अधिकारियों से नियमित निरीक्षण, प्रगति की सतत निगरानी और लंबित कार्यों के शीघ्र निस्तारण पर विशेष ध्यान देने को कहा।
समीक्षा के दौरान मेला नियंत्रण भवन, पुलिस लाइन, यातायात पुलिस लाइन, जीआरपी लाइन, अस्थायी थानों एवं चौकियों, होल्डिंग एरिया तथा पार्किंग स्थलों की तैयारियों का जायजा लिया गया। कुम्भ कोर क्षेत्र में आवश्यक स्थानों के चिन्हीकरण, भूमि उपलब्धता और संबंधित अभिलेखीय कार्यों की स्थिति पर भी जानकारी प्राप्त की गई। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि सभी स्थलों का चयन यातायात प्रवाह, श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा आवश्यकताओं और आपातकालीन पहुंच को ध्यान में रखते हुए किया जाए। एडीजी प्रशासन ने निर्देश दिए कि किसी भी आकस्मिक स्थिति से निपटने के लिए पर्याप्त संसाधन पहले से उपलब्ध रहें तथा संबंधित कर्मियों को नियमित अभ्यास और प्रशिक्षण प्रदान किया जाए।
तकनीकी सुरक्षा व्यवस्था के अंतर्गत सीसीटीवी कैमरों और ड्रोन की उपलब्धता, स्थापना के लिए चिन्हित स्थानों, निगरानी तंत्र, वाहनों की आवश्यकता तथा बजट की स्थिति की समीक्षा की गई। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि संवेदनशील क्षेत्रों, प्रमुख स्नान घाटों, प्रवेश मार्गों, पार्किंग स्थलों और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर निगरानी व्यवस्था प्रभावी एवं निर्बाध हो। तकनीकी उपकरणों के संचालन, नियंत्रण कक्ष से समन्वय और त्वरित प्रतिक्रिया प्रणाली को भी मजबूत बनाने पर जोर दिया गया।
कुम्भ मेले के लिए आवश्यक पुलिस बल की उपलब्धता, वर्तमान तैनाती और अतिरिक्त मानव संसाधन की आवश्यकता पर विस्तृत चर्चा हुई। एडीजी प्रशासन ने निर्देश दिए कि प्रत्येक स्नान पर्व की प्रकृति, संभावित श्रद्धालु संख्या, मार्ग व्यवस्था और सुरक्षा आवश्यकताओं के अनुरूप पुलिस बल की तैनाती की पूर्व कार्ययोजना तैयार की जाए। भीड़ प्रबंधन, यातायात नियंत्रण, घाट सुरक्षा, महिला एवं बाल सुरक्षा, खोया-पाया केंद्रों तथा आपातकालीन प्रतिक्रिया के लिए अलग-अलग जिम्मेदारियां स्पष्ट रूप से निर्धारित की जाएं।
उन्होंने कहा कि भीड़, यातायात और सुरक्षा व्यवस्था से संबंधित सभी योजनाएं स्पष्ट, व्यावहारिक, चरणबद्ध और पूर्व निर्धारित होनी चाहिए, ताकि उपलब्ध पुलिस बल का अधिकतम एवं प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जा सके। प्रत्येक अधिकारी अपने क्षेत्र की संवेदनशीलता का आकलन करते हुए वैकल्पिक मार्गों, आपातकालीन निकासी, संचार व्यवस्था और त्वरित सहायता तंत्र की तैयारी समय से पूरी करें।
बैठक के अंत में एडीजी प्रशासन ने सभी संबंधित अधिकारियों को आपसी समन्वय, जिम्मेदारी और प्रतिबद्धता के साथ कार्य करते हुए कुम्भ मेला-2027 की सभी तैयारियां निर्धारित समयसीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुविधा और सुगम आवागमन सर्वोच्च प्राथमिकता है। आयोजन को सफल बनाने के लिए प्रत्येक स्तर पर सतर्कता, अनुशासन और प्रभावी प्रबंधन सुनिश्चित किया जाए। बैठक के उपरांत एडीजी द्वारा पुलिस लाइन, 40 वी वाहिनी पीएसी तथा सीसीआर में प्रचलित निर्माण कार्यों का स्थलीय निरीक्षण भी किया गया।
बैठक में पुलिस महानिरीक्षक कार्मिक सुनील कुमार मीणा, पुलिस महानिरीक्षक कुम्भ मेला डॉ. योगेन्द्र सिंह रावत, पुलिस महानिरीक्षक/पी.एम बरिन्दरजीत सिंह, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार नवनीत सिंह, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कुम्भ मेला आयुष अग्रवाल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक टिहरी गढ़वाल श्वेता चौबे, पुलिस अधीक्षक जीआरपी सुश्री अरुणा भारती, पुलिस अधीक्षक यातायात/अपराध हरिद्वार सुश्री निशा यादव, पुलिस अधीक्षक ग्रामीण देहरादून जया बलूनी, अपर पुलिस अधीक्षक संचार विपिन कुमार, उपसेनानायक एसडीआरएफ शुभांक रतुड़ी, सीएफओ कुम्भ/हरिद्वार वंश बहादुर यादव, मण्डलाधिकारी कुम्भ/हरिद्वार संतोष बगड़वाल सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।









