भेल वर्कर्स यूनियन (एचएमएस) का 35वाँ स्थापना दिवस धूमधाम से संपन्न
कामरेड हरभजन सिंह सिद्धू की हुंकार से गूँजा श्रमिक एकता का संदेश

हरिद्वार की गूंज (24*7)
(गगन शर्मा) हरिद्वार। भेल वर्कर्स यूनियन (एचएमएस), भेल हरिद्वार का 35वाँ स्थापना दिवस उत्साह, जोश और श्रमिक एकता के संकल्प के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में हिंद मजदूर सभा (एचएमएस) के राष्ट्रीय महासचिव एवं केंद्रीय श्रमिक नेता कामरेड हरभजन सिंह सिद्धू मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उनके आगमन पर रेलवे स्टेशन पर यूनियन पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं तथा मुरादाबाद मंडल के रीजनल अधिकारियों एवं एनआरएमयू रेलवे-एचएमएस के पदाधिकारियों ने ढोल-नगाड़ों के साथ भव्य स्वागत किया। भेल कारखाना परिसर में कामरेड सिद्धू ने कार्यपालक निदेशक रंजन कुमार एवं महाप्रबंधक (मानव संसाधन) सुमति शर्मा से वार्ता की। इसके पश्चात यूनियन कार्यालय में पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए कचनार एवं नीम के औषधीय पौधों का वृक्षारोपण किया गया। सामुदायिक केंद्र, सेक्टर-1 में आयोजित मुख्य समारोह में सैकड़ों श्रमिकों एवं यूनियन सदस्यों की गरिमामयी उपस्थिति रही। कार्यक्रम का संचालन यूनियन महामंत्री हंसराज कटारिया एवं मंत्री नफीस अहमद ने किया। इस अवसर पर कामरेड सिद्धू को उत्तराखंड की सांस्कृतिक पहचान के प्रतीक शॉल एवं पुष्पगुच्छ भेंटकर सम्मानित किया गया।
वहाँ बोनस, वेज रिवीजन और श्रमिक अधिकारों पर बुलंद आवाज की गयी। सभा को संबोधित करते हुए कामरेड हरभजन सिंह सिद्धू ने भेल कर्मचारियों एवं श्रमिकों से जुड़े स्थानीय और राष्ट्रीय मुद्दों पर प्रभावशाली विचार रखे। उन्होंने दीपावली से पूर्व बेहतर बोनस भुगतान, बेहतर वेज रिवीजन, मेडिकल डिपेंडेंसी, ओवरटाइम, मृतक आश्रितों की भर्ती में आरक्षण, मेडिकल पॉलिसी, संविदा श्रमिकों के ड्यूटी डेज, सेवानिवृत्त कर्मचारियों के लाभ तथा अनुकंपा से जुड़े विषयों को प्रमुखता से उठाया। उन्होंने श्रमिकों के हितों की रक्षा के लिए संगठित संघर्ष, एकजुटता और मजबूत ट्रेड यूनियन आंदोलन की आवश्यकता पर जोर दिया। बोनस एवं कर्मचारियों के आर्थिक हितों से जुड़े उनके वक्तव्य ने उपस्थित श्रमिकों में विशेष उत्साह पैदा किया। 1992 से श्रमिक हितों की आवाज बुलंद कर रही यूनियन भेल वर्कर्स यूनियन (एचएमएस) वर्ष 1992 से भेल हरिद्वार में श्रमिकों के अधिकारों, सम्मान एवं हितों के लिए निरंतर सक्रिय रही है। स्थापना दिवस ने संगठन की संघर्षशील परंपरा और मजदूर एकता के संकल्प को फिर से मजबूत किया। यूनियन की कार्यशैली एवं श्रमिक हितों के प्रति प्रतिबद्धता से प्रभावित होकर कई श्रमिकों ने संगठन की सदस्यता भी ग्रहण की। कामरेड सिद्धू का स्वागत करने वालों में यूनियन अध्यक्ष यशोदानंदन ओझा, उपाध्यक्ष राधेश्याम सिंह, कोषाध्यक्ष धनंजय यादव मीडिया सचिव, मंत्री आशुतोष शर्मा एवं हर प्रताप सिंह, संगठन मंत्री संदीप रोहिल्ला, जगदीश शर्मा, राजीव अनुराग, परितोष कुमार, पीयूष मित्तल, श्रीपाल सिंह, अशोक कुमार शर्मा, राकेश शुक्ला, अर्जुन कुमार एवं सुनील कुमार सहित अन्य पदाधिकारी शामिल रहे। कार्यक्रम में फाउंडर मेंबर एम.पी. सिंह, प्रेमचंद सिमरा तथा वरिष्ठ साथी के.पी. सिंह, मुकेश, सुबोध, वीरेंद्र, राष्ट्रीय एच.एम.एस से मनीष सिंह साथ ही कार्यकारिणी सदस्य अशोक कुमार शर्मा सहित सैकड़ों श्रमिकों की उपस्थिति रही। समारोह ने एक बार फिर यह संदेश दिया कि श्रमिकों की सबसे बड़ी ताकत उनकी एकता है और संगठित प्रयासों से ही अधिकारों, सम्मान एवं सुरक्षित भविष्य की लड़ाई को मजबूती मिलती है।









