चारधाम यात्रा में पहुंच रहे लाखों श्रद्धालु
उत्तरी हरिद्वार में सीवर लाइन कार्य खोदी गई सड़कों से व्यापार हुआ चौपट
हरिद्वार की गूंज (24*7)
(राजेश पसरीचा) हरिद्वार। देवभूमि उत्तराखंड चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ती देखी जा रही है वहीं हर वर्ष चारधाम यात्रा में भारी संख्या में श्रद्धालु हरिद्वार में पतित पावनी मां गंगा में स्नान करते हुए अपनी यात्रा प्रारम्भ करते हैं। जिससे हरिद्वार के व्यापारियों को भी बड़ी बेसब्री से इंतजार रहता है हरिद्वार में आने वाले श्रद्धालुओं से व्यापार भी खूब अच्छा रहता है लेकिन इस वर्ष उत्तरी हरिद्वार भूपतवाला खड़खडी क्षेत्र में व्यापारियों में रौनक देखने को नहीं मिल रही है जिसका मुख्य कारण हरिद्वार में चल रहा सीवर लाइन कार्य जो पिछले काफी समय से अधर में लटका हुआ है। आपको बता दें कि उत्तरी हरिद्वार भूपतवाला खड़खडी हरिपुर कलां में सैकड़ों आश्रम होटल धर्मशाला रेस्टोरेंट स्थित हैं जो चारधाम यात्रा में आने वाले श्रद्धालुओं की इंतजार में रहते हैं कि श्रद्धालुओं के आने से कारोबार अच्छा रहेगा लेकिन इस बार कहीं न कहीं उत्तरी हरिद्वार के व्यापारियों में मायूसी देखी जा रही है। वहीं व्यापारियों का कहना है कि पिछले काफी समय से उत्तरी हरिद्वार भूपतवाला खड़खडी हरिपुर कलां में सीवर लाइन कार्य हेतु गली मुख्य सड़कों से लेकर मोहल्लों की सड़के खोदी गई थी लेकिन अभी तक निर्माण कार्य पूरा नहीं हो पाया है जिससे श्रद्धालुओं को हो रही असुविधा के कारण कोई श्रद्धालु उत्तरी हरिद्वार की ओर स्थित होटल, धर्मशाला, आश्रम, रेस्टोरेंट ढाबों पर आने से बच रहे हैं। वहीं व्यापारियों ने बताया कि सड़कों पर बने गड्ढों में कई बार वाहन भी पलट चुके हैं। जिससे स्थानीय लोगों को भी बड़ी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है लेकिन जिला प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों द्वारा कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा। वहीं आगामी वर्ष में कुम्भ को लेकर भी तैयारियां की जा रही हैं लेकिन क्या आगामी वर्ष में प्रारंभ होने वाले कुम्भ तक हरिद्वार की खस्ताहाल सड़के दुरुस्त हो पाएंगी या फिर सड़कों में बने गड्ढों का सामना करना पड़ेगा। जबकि क्या हरिद्वार कुम्भ मेले को भव्य और सुन्दर बनाने हेतु केन्द्र सरकार से करोड़ो रुपए का बजट मेला प्रशाशन को दिया जाता है। हरिद्वार मेला प्रशाशन को हरिद्वार की खस्ताहाल सड़कों के निर्माण कार्य को जल्द ही पूर्ण किए जाने पर ध्यान देना होगा। अब देखना यह होगा कि क्या मेला प्रशाशन द्वारा हरिद्वार में आने वाले श्रद्धालुओं एवं स्थानीय व्यापारियों की समस्याओं को ध्यान में रखते हुए सड़कों को कब तक दुरुस्त कराया जाएगा यह तो समय ही बताएगा।









