मानवता हुई शर्मशार: नाबालिक बच्चियों को धक्के देकर आश्रम से किया बाहर
राजेश पसरीचा उत्तराखंड प्रभारी

हरिद्वार की गूंज (24*7)
(राजेश पसरीचा) हरिद्वार। तीर्थ नगरी हरिद्वार में एक बहुत ही शर्मशार करने की खबर सामने आई है जहां एक संत का चोला पहने 72 वर्षीय व्यक्ति द्वारा पूरे संत समाज की गरिमा और मर्यादा को भी धूमिल करने का कार्य किया गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार हरिद्वार नगर कोतवाली क्षेत्र खड़खड़ी पुलिस चौकी क्षेत्र हिल बाईपास पर स्थित एक आश्रम में दो नाबालिक लड़की जो कि आश्रम के संत की पोती बताई जा रही हैं, जो आश्रम में ही रह रही थी। बताया जा रहा है कि गुरुवार की शाम को अचानक से आश्रम के संत और आश्रम के अन्दर ही अन्य दो लोगों ने दोनों बच्चियों को बुरी तरह धक्के मारते हुए आश्रम के बाहर कर दिया। वहीं पूरे घटनाक्रम की जानकारी गली के लोगों को पता लगते ही लोग मौके पर पहुंचे और खड़खड़ी पुलिस को सूचना दी गई। जिस पर खड़खड़ी पुलिस चौकी प्रभारी सहित अन्य पुलिस मौके पर पहुंची जहां पीड़ित बच्चियों ने घटना की जानकारी देते हुए मदद की गुहार लगाई। वहीं आसपास की महिलाओं ने बताया कि घटना के वक्त बच्चियों के रोने चिल्लाने की आवाज आ रही थी। पीड़ित बच्चियों और गली के लोगों ने बताया कि मौके पर पहुंची पुलिस द्वारा पीड़ित बच्चियों को मदद दिलाने के बजाय आश्रम का गेट तक नहीं खुलवा पाई। वहीं आश्रम के संत द्वारा सरेआम बच्चियों के साथ क्रूरता करने पर आसपास की महिलाओं ने संत के विरुद्ध कार्यवाही की मांग करते हुए बच्चियों को न्याय दिलाने की मांग की है।
चर्चा यह बनी हुई है कि क्या आश्रम के संत खुद को कानून से बड़ा समझने लगे हैं जिनके द्वारा सरेआम कानून को ठेंगा दिखाते हुए नाबालिक बच्चियों को धक्के देकर आश्रम से बाहर कर दिया। वहीं गली के लोगों ने बताया कि यदि बच्चियों के साथ कोई अनहोनी हो जाए तो उसका जिम्मेदार कौन होगा। फिलहाल हरिद्वार पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों को मामले को संज्ञान में लेते जांच कर पीड़ित बच्चियों को न्याय दिलाना चाहिए।









