डीएम मयूर दीक्षित के अधिकारियों को त्वरित एवं समयबद्ध समाधान के निर्देश, सीएम हेल्पलाइन की लंबित शिकायतों के निस्तारण पर भी जोर
मोहम्मद आरिफ उत्तराखंड क्राइम प्रभारी

हरिद्वार की गूंज (24*7)
(मोहम्मद आरिफ) हरिद्वार। जनपदवासियों की समस्याओं के त्वरित एवं समयबद्ध निस्तारण के उद्देश्य से जिलाधिकारी मयूर दीक्षित की अध्यक्षता में सोमवार को जिला कार्यालय सभागार में जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित किया गया। जनसुनवाई में विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 68 शिकायतें एवं समस्याएं दर्ज की गईं, जिनमें से 32 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण किया गया। शेष शिकायतों को संबंधित विभागों एवं अधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के लिए प्रेषित किया गया। जनसुनवाई के दौरान राजस्व, भूमि विवाद, विद्युत, अतिक्रमण, जलभराव, पेयजल, राशन कार्ड, पेंशन, सड़क एवं स्वास्थ्य सहित विभिन्न मामलों से संबंधित शिकायतें सामने आई। ग्राम बंजारेवाला ग्रंट निवासी सुरजीत सिंह ने अपनी गंभीर रूप से बीमार पत्नी के उपचार के लिए आर्थिक सहायता तथा मुख्यमंत्री राहत कोष से सहायता दिलाए जाने का अनुरोध किया। ग्राम जैनपुर मुबारिकपुर, लक्सर निवासी आलम मीर ने लंबे समय से लंबित राशन कार्ड बनवाने की मांग रखी। सीतापुर निवासी बृजानन्द शर्मा ने वोटर आईडी कार्ड अपडेट कराने के संबंध में प्रार्थना पत्र दिया। इसी प्रकार सूरज कुमार पुत्र धर्मपाल सिंह ने अपनी कृषि भूमि, खाता संख्या 00041, खसरा संख्या 23, रकबा 0.0970 हेक्टेयर की मौके पर कम हो रही भूमि की पैमाइश कराने की मांग की। देवनगर के निवासियों ने वार्ड संख्या 12 में मकान संख्या जे-1 से देवनगर मुख्य मार्ग तक करीब 250 मीटर लंबे मार्ग की खराब स्थिति को देखते हुए सड़क निर्माण कराने की मांग रखी। सुरेंद्र सैनी ने जनपद में डेंगू एवं स्वाइन फ्लू के बढ़ते मामलों की रोकथाम के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग की। वहीं रुहेला ने रुकी हुई वृद्धावस्था पेंशन को दोबारा शुरू कराने के संबंध में प्रार्थना पत्र दिया।
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनसुनवाई में जनता द्वारा दर्ज कराई जा रही प्रत्येक शिकायत का शीघ्र, गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही या शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारी के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा कि जिन शिकायतों में स्थलीय निरीक्षण की आवश्यकता है, उनमें संबंधित अधिकारी आपसी समन्वय स्थापित करते हुए मौके पर पहुंचकर जांच करें और समस्या का समाधान सुनिश्चित करें। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को जनसुनवाई में प्राप्त शिकायतों को शीर्ष प्राथमिकता एवं संवेदनशीलता के साथ निस्तारित करने के निर्देश दिए।
बैठक के दौरान सीएम हेल्पलाइन में दर्ज शिकायतों की भी समीक्षा की गई। मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि सीएम हेल्पलाइन पर प्राप्त शिकायतों का गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ निस्तारण किया जाए। उन्होंने विशेष रूप से 36 दिन से अधिक समय से लंबित शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र निस्तारण करने के निर्देश दिए। समीक्षा में सामने आया कि एल-1 स्तर पर 290 तथा एल-2 स्तर पर 84 शिकायतें निस्तारण के लिए लंबित हैं। अधिकारियों को इन शिकायतों का शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। जनसुनवाई में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट रुड़की दीपक रामचंद्र सेठ, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व वैभव गुप्ता, अपर जिलाधिकारी प्रशासन जितेंद्र कुमार, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. आर.के. सिंह, जिला विकास अधिकारी कमलेश कुमार पंत, मुख्य शिक्षा अधिकारी अमित कुमार चन्द, जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी महिमानंद जोशी, जिला पर्यटन अधिकारी सुशील नौटियाल, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी मीरा रावत, डीपीआरओ मुस्तफा खां, अधिशासी अभियंता यूपीसीएल दीपक सैनी, मुख्य उद्यान अधिकारी तेजपाल सिंह, नोडल स्वजल चंद्रकांत मणि त्रिपाठी, अधिशासी अभियंता जल संस्थान विपिन चौहान, परियोजना अधिकारी उरेडा युद्धवीर सिंह बिष्ट सहित जिला स्तरीय अधिकारी एवं विभिन्न क्षेत्रों से आए फरियादी मौजूद रहे।









