प्रसिद्ध शायर अफजल मंगलौरी को मिला पंजाब के मलेरकोटला में मिला अल्लामा इकबाल अवार्ड-2026
इमरान देशभक्त रुड़की प्रभारी

हरिद्वार की गूंज (24*7)
(इमरान देशभक्त) रूडकी। पंजाब के मलेरकोटला की साहित्यिक संस्था अंजुमन इत्तेहाद-ए-मिल्लत के 14-वें अखिल भारतीय मुशायरे में विश्व स्तर पर प्रसिद्ध शायर और उत्तराखंड उर्दू अकादमी के पूर्व उपाध्यक्ष अफजल मंगलौरी को अल्लामा इकबाल अवार्ड से नवाजा गया। उर्दू अकादमी के सहयोग से बीती रात मलेरकोटला में आयोजित मुशायरे में मुख्य अतिथि विधायक एवं उर्दू अकादमी के चेयरमैन डॉ० जमीलुर्रहमान, विशिष्ट अतिथि शाही इमाम पंजाब मौलाना उस्मान लुधियानवी और मुशायरे की सदर मोहतरमा फरजाना आलम के हाथों यह सम्मान प्रदान किया गया। अंजुमन इत्तेहाद-ए-मिल्लत के सदर हाजी अब्दुल वहीद ‘आजिज’ ने कहा कि अफजल मंगलौरी पिछले तीस वर्षों से मलेरकोटला के मुशायरों में शिरकत कर रहे हैं और अंजुमन इत्तेहाद-ए-मिल्लत के सभी मुशायरों में मेजबान के तौर पर शामिल हुए हैं। अंजुमन ने उनकी साहित्यिक सेवाओं और उत्तराखंड का सर्वोच्च सम्मान मिलने पर उन्हें “अल्लामा इकबाल अवार्ड-2026” देने का फैसला किया। इस मौके पर फरयाल रहमान, मौलाना मुस्तकीम, जमीर अहमद जमीर, जिगर देवबंदी, उस्मान उस्मानी कैरानवी, डा० जितेंद्र परवाज़, मोहम्मद रमजान, अनवर अहमद, आबिद सलमानी, अकरम सेफी, सलमान रहबर, नवाजिश मुजफ्फरनगरी आदि मौजूद रहे। विशिष्ट अतिथि मौलाना उस्मान लुधियानवी ने कहा कि अफजल मंगलौरी के कलाम में जहां विभिन्न विषयों पर अशआर मिलते हैं, वहीं उनकी शायरी में राष्ट्रीयता और कौमी दर्द साफ तौर पर दिखाई देता है। उन्होंने कहा कि अफजल मंगलौरी अल्लामा इकबाल से बेहद प्रभावित हैं, इसलिए उनके कलाम में इंकलाबी जज्बा देखने को मिलता है। एवार्ड मिलने पर अनेक संस्थाओं ने बधाई दी है।कार्यक्रम की निजामत जिगर देवबंदी ने की।









