मंडलायुक्त ने निर्माण कार्यों का किया निरीक्षण, गुणवत्ता और समयबद्धता के दिए सख्त निर्देश
मोहम्मद आरिफ उत्तराखंड क्राइम प्रभारी

हरिद्वार की गूंज (24*7)
(मोहम्मद आरिफ) हरिद्वार। आगामी कुंभ मेला-2027 की तैयारियों को लेकर प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। मेले से जुड़ी आधारभूत संरचनाओं के निर्माण कार्यों को समय पर और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरा कराने के उद्देश्य से शुक्रवार को गढ़वाल मंडलायुक्त आनन्द स्वरूप ने हरिद्वार में विभिन्न परियोजनाओं का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्यों की प्रगति का जायजा लेते हुए संबंधित अधिकारियों को गुणवत्ता से कोई समझौता न करने और तय समयसीमा में सभी कार्य पूरे करने के निर्देश दिए। मंडलायुक्त ने सबसे पहले धनौरी–सिडकुल मार्ग पर पथरी रौ नदी में पुरानी गंग नहर के साइफन के डाउनस्ट्रीम क्षेत्र में निर्माणाधीन दो लेन के 90 मीटर स्पान वाले पुल का निरीक्षण किया। लगभग 16.59 करोड़ रुपये की लागत से कुंभ मेला मद से बनाए जा रहे इस पुल को कुंभ के दौरान यातायात की दृष्टि से महत्वपूर्ण परियोजना माना जा रहा है। निरीक्षण के दौरान सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने बताया कि पुल के लिए प्रस्तावित 36 आधार स्तंभों में से 33 का कार्य अंतिम चरण में पहुंच चुका है, जबकि शेष तीन स्तंभों का निर्माण भी इसी माह पूरा कर लिया जाएगा। इसके बाद पाइल कैप निर्माण और स्टील सुपर स्ट्रक्चर स्थापित करने का कार्य शुरू होगा। अधिकारियों ने यह भी जानकारी दी कि पुल के स्टील ढांचे का निर्माण कार्य समानांतर रूप से कार्यशाला में तेजी से चल रहा है। मंडलायुक्त ने निर्माण कार्यों में और तेजी लाने के निर्देश देते हुए कहा कि सभी आधार स्तंभ और पाइल कैप का निर्माण शीघ्र पूरा किया जाए ताकि पुल निर्धारित समय पर तैयार हो सके। उन्होंने निर्माण सामग्री और कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए नियमित परीक्षण कराने पर भी विशेष जोर दिया। इसके बाद उन्होंने धनौरी–सिडकुल मोटर मार्ग के चौड़ीकरण, सुदृढ़ीकरण और डामरीकरण कार्यों का निरीक्षण किया। लगभग 8.50 किलोमीटर लंबी इस सड़क के विकास के लिए 6.53 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। मंडलायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वर्षा के दौरान आवश्यक आधारभूत कार्य पूरे कर लिए जाएं और बारिश समाप्त होते ही डामरीकरण का कार्य प्राथमिकता के आधार पर कराया जाए। उन्होंने कहा कि कुंभ मेले के दौरान श्रद्धालुओं के सुरक्षित और सुगम आवागमन के लिए वैकल्पिक मार्गों का विकास बेहद महत्वपूर्ण है। इस लिए सभी परियोजनाओं को गुणवत्ता के साथ निर्धारित समयसीमा में पूरा करना प्रत्येक संबंधित विभाग की जिम्मेदारी है। मंडलायुक्त ने दो टूक कहा कि कुंभ मेला-2027 से जुड़े सभी निर्माण कार्य शासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल हैं। किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनावश्यक देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी और प्रत्येक परियोजना की नियमित निगरानी के साथ गुणवत्ता सुनिश्चित की जाएगी। निरीक्षण के दौरान दयानंद सरस्वती, अनुभव नौटियाल सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।









